अनुसूचित जाति के आर्थिक सशक्तीकरण के लिए 1.52 करोड़ रुपये के ऋण जारी

अनुसूचित जाति के आर्थिक सशक्तीकरण के लिए 1.52 करोड़ रुपये के ऋण जारी

अनुसूचित जाति के आर्थिक सशक्तीकरण के लिए 1.52 करोड़ रुपये के ऋण जारी

चंडीगढ़, 9 अक्टूबर। पंजाब सरकार द्वारा अनुसूचित जातियों के आर्थिक सशक्तीकरण और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों के तहत, अनुसूचित जाति भूमि विकास एवं वित्त निगम की विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2026-27 के दौरान अब तक 71 लाभार्थियों को सब्सिडी सहित 1.52 करोड़ रुपये के ऋण वितरित किए गए हैं। यह जानकारी सामाजिक न्याय, अधिकारिता एवं अल्पसंख्यक मामलों की मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने दी।

इस संबंध में जानकारी देते हुए सामाजिक न्याय, अधिकारिता एवं अल्पसंख्यक मामलों की मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार समाज के वंचित वर्गों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और उन्हें तरक्की के समान अवसर प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य पात्र लाभार्थियों को वित्तीय सहायता उपलब्ध करवाकर उन्हें स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ना और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रोत्साहित करना है।

डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि वित्तीय सहायता किसी भी परिवार को अपने पैरों पर खड़ा होने, आय के साधन विकसित करने और बेहतर जीवन की दिशा में आगे बढ़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल वित्तीय सहायता प्रदान करना ही नहीं, बल्कि लाभार्थियों में आत्मविश्वास पैदा करना और उन्हें अपने तथा अपने परिवार के भविष्य को बेहतर बनाने में सक्षम बनाना भी है।

कैबिनेट मंत्री ने कहा कि अनुसूचित जाति भूमि विकास एवं वित्त निगम के माध्यम से चलाई जा रही विभिन्न योजनाएं अनुसूचित जातियों के लोगों को आर्थिक अवसर उपलब्ध करवाने और उनके जीवन स्तर को ऊंचा उठाने में सहायक हैं। उन्होंने कहा कि समाज के प्रत्येक वर्ग तक विकास के अवसर पहुंचाना और जरूरतमंद परिवारों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना पंजाब सरकार की प्राथमिकता है।

उन्होंने दोहराया कि पंजाब सरकार सामाजिक न्याय, समान अवसरों और आर्थिक सशक्तीकरण के अपने लक्ष्य को आगे बढ़ाते हुए वंचित वर्गों के कल्याण के लिए लगातार प्रयासरत है, ताकि वे सम्मानजनक, सुरक्षित और आत्मनिर्भर जीवन व्यतीत कर सकें।

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